सकारात्मक दृष्टिकोण से जीवन का आनंद

संपादकीय@ एडवोकेट हरेश पंवार 
27 दिसम्बर 2024

 *सकारात्मक दृष्टिकोण से जीवन का आनंद* 
एक व्यक्ति के दो बेटे थे। एक ही सोच सकारात्मक तो, दूसरे की सोच नकारात्मक थी। जिसकी सोच सकारात्मक थी वह हमेशा पॉजिटिव सोचता था, और जिसकी सोच नकारात्मक थी वह हमेशा नेगेटिव ही सोचता था। वह व्यक्ति अपने बच्चों के लिए कितना भी अच्छा कर लेते लेकिन जिनकी सोच थी। उसके मुताबिक थी उनका रिजल्ट मिलता था। दोनों बच्चों का एक साथ जन्म, एक साथ पढ़े लिखे और एक ही स्कूल में एक ही कक्षा में पढ़ रहे थे, लेकिन सोच अलग-अलग। एक बार उस व्यक्ति ने अपने बच्चों की सोच पर परीक्षण करने के लिए उनके जन्मदिन पर एक दावत का आयोजन किया। दोनों बच्चों के लिए अलग-अलग कमरा सजवाए। जो बच्चा नेगेटिव था उसके लिए महंगे से महंगे अच्छे से अच्छे खिलौने मंगवाए गए। उसके कमरे को बहुत अच्छी तरीके से सजाया गया और उन महंगे खिलौनों से उसके कमरे को भर दिया गया।
 दूसरी तरफ जो पॉजिटिव विचारों का बच्चा था उसके कमरे में पैकिंग करके जानवरों की लीद व घास फुंस से भर दिया गया। दोनों बच्चों को अलग-अलग कमरों में बंद कर दिया गया। कुछ देर बाद देखा जो बच्चा नकारात्मक था वह परेशान हो रहा था उनकी डिमांड पूरी हो नहीं रही थी। वह सोच सोच कर इतना दुखी था कि उनके पिता इससे अच्छे महंगे खिलौने नहीं खरीद सकते थे उनके पास बहुत सारे पैसे हैं लेकिन उनके पिता हमेशा कंजूसी करते हैं यह सोचकर वह मन ही मन बड़ा दुखी था। जब उसे बाहर निकल गया तो रोता हुआ ही निकला। उसने कहा कि उसने हाथ लगाते ही उनकी एरोप्लेन की तो टांग टूटी हुई थी। घोड़े की लगाम थी ही नहीं।और वह शिकायत कर्ता हुआ ही निकाल। यह देखकर वह व्यक्ति बड़ा स्तब्ध और दुखी था।
 उसने दूसरे बच्चे के कमरे को खोलकर उसकी सोच का परीक्षण किया तो देखा गया कि वह बच्चा पॉजिटिव था। उसने खिलौने के बैग देखे तो पैकिंग खोल कर देखा एक बोरी में बहुत सारे घोड़े की लीद रखी हुई थी। दूसरे में हाथियों व अन्य जानवरों की लीद रखी हुई थी। अन्य बोरों में घास फूस देखा और वह बालक बहुत खुश हुआ और सोचने लगा कि उनके पिता कितने महान हैं उनके लिए कितने महंगे गिफ्ट खरीदे हैं। जब इन जानवरों की इतनी अच्छी लीद है तो घोड़े कितने अच्छे होंगे और वह बालक दीवार पर वॉल पेंटिंग बना रहा था, कि देखो उनके पिता कितने महान है। वह सोच रहा था कि इतने घोड़ो की लीद उसके कमरे में रखी है तो उनके पिता ने उनके लिए इतने घोड़े भी मंगवाए होंगे। वे कितने मजबूत और हस्ट पुस्ट होंगे। और वे बहुत महंगे भी होंगे। वह एडवांस सोचते हुए अपनी कल्पनाओं के अंदाज को पॉजिटिव सोच रहा था और विचार कर रहा था कि जरूर कमरे के बाहर महंगे व बेसकिमती घोड़े खड़े होंगे। जब उनके पिता ने कमरे का दरवाजा खोल तो वह बालक बहुत सुंदर पेंटिंग बनाने में व्यस्त था। और बेहद खुश था वह हंस रहा था। वह बार-बार सोच रहा था कि उनके पिता उसके लिए बहुत खर्चा किया है । यह देखकर वह व्यक्ति दंग रह गया। दोनों बालकों की सोच का परीक्षण करके वह व्यक्ति नतीजे पर पहुंचा कि किसी भी चीज को देखने का नजरिया क्या है। यह उसे व्यक्ति की सोच पर निर्भर करता है। सकारात्मक व्यक्ति हमेशा सकारात्मक रिजल्ट की परिकल्पना करता है लेकिन नकारात्मक व्यक्ति कितने भी ऊंचे ओहदे पर बैठा दिया जाए लेकिन उसकी सोच नकारात्मक है तो परिणाम ही नकारात्मक ही मिलेगा।  इसलिए यहां मैंबोलूंगागा तो फिर कहोगे कि बोलता है।
जीवन का आनंद वही लोग उठा पाते हैं जिनके सोचने का ढंग सकारात्मक होता है। जीवन की प्रत्येक बाधा हमें कुछ न कुछ सीख अवश्य प्रदान करती है। दुःख में सुख खोज लेना, हानि में लाभ खोज लेना और प्रतिकूलताओं में भी अवसर खोज लेना, इसी को सकारात्मक दृष्टिकोण कहा जाता है।
जीवन की प्रत्येक बाधा हमें कुछ न कुछ सीख अवश्य प्रदान करती है । दुःख में सुख खोज लेना, हानि में लाभ खोज लेना और प्रतिकूलताओं में भी अवसर खोज लेना, इसी को सकारात्मक दृष्टिकोण कहा जाता है। जीवन का ऐसा कोई बड़े से बड़ा दुःख नहीं जिसमें सुख की परछाई न छुपी हो।
     रास्ते में पड़े हुए पत्थर को हम मार्ग की बाधा भी मान सकते हैं और चाहें तो उन पत्थरों को सीढ़ी बनाकर ऊपर भी चढ़ सकते हैं। जीवन का आनन्द वही लोग उठा पाते हैं जिनके सोचने का ढंग सकारात्मक होता है।

जीवन में हमें कई बार बाधाओं का सामना करना पड़ता है, लेकिन हमें उन बाधाओं को मार्ग की बाधा नहीं मानना चाहिए। हमें उन पत्थरों को सीढ़ी बनाकर ऊपर चढ़ने का प्रयास करना चाहिए। जीवन का आनंद वही लोग उठा पाते हैं जो सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ जीवन की चुनौतियों का सामना करते हैं।

सकारात्मक दृष्टिकोण हमें जीवन की चुनौतियों का सामना करने की शक्ति प्रदान करता है। यह हमें जीवन की बाधाओं को अवसर में बदलने की क्षमता प्रदान करता है। इसलिए, हमें जीवन में सकारात्मक दृष्टिकोण को अपनाना चाहिए और जीवन की चुनौतियों का सामना करना चाहिए।

अंत में, हम कह सकते हैं कि सकारात्मक दृष्टिकोण जीवन का आनंद उठाने की कुंजी है। यह हमें जीवन की चुनौतियों का सामना करने की शक्ति प्रदान करता है और हमें जीवन की बाधाओं को अवसर में बदलने की क्षमता प्रदान करता है। इसलिए, हमें जीवन में सकारात्मक दृष्टिकोण को अपनाना चाहिए और जीवन की चुनौतियों का सामना करना चाहिए।

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